(47) जन्म और बीमारी---

जन्म और बीमारी--
बालक जब इस धरती पर अवतीर्ण 
होता है तब उस समय के ग्रहों की
स्थिति जैसी होती है , उसका प्रभाव आजीवन उस बालक‌ पर पड़ता रहता है। इस अध्याय में व्यक्ति की जन्मतिथि के आधार पर ग्रहों की सकारात्मक और
नकारात्मक प्रभाव के द्वारा मिलने वाली
बीमारियों का उल्लेख किया गया है।भविष्य में मिलने वाली बीमारियों की जानकारी पूर्व में मिल जाने पर उससे बचने का प्रयास व्यक्ति कर सकता है।
आप भी आने वाली अपने बीमारियों को जानें और बचाव के लिए प्रयास करें। यही इस विषयवस्तु को प्रस्तुत
करने का एकमात्र मक़सद है।
(1) जन्म --21अप्रैल से 20 मई तक +7 दिन आगे  27 मई तक।
 (शुक्र ग्रह सकारात्मक)
बीमारी--इन तिथियों में जन्में व्यक्तियों को गला, नाक, कान के रोगों की सम्भावना होती है। सिर और कान में दर्द। गले में सूजन, रसौली, आँतों में विकार तथा वीर्य सम्बन्धी विकार भी हो सकता है।
(2) जन्म--  21 मई से 20 जून तक +7 दिन आगे 27 जून तक।
( बुध ग्रह सकारात्मक)
बीमारी-- इन तिथियों में जन्में व्यक्तियों में चिन्ता के कारण पाचन क्रिया में विकार, मिर्गी, पक्षाघात, हकलाना, नींद न आना तथा बुरे स्वप्न देखने की बीमारी होती है।
(3) जन्म--21जून से 20 जुलाई तक+
7 दिन आगे 27 जुलाई तक।(चन्द्र ग्रह सकारात्मक)
बीमारी--इन तिथियों में जन्मे व्यक्ति
 जल ‌जनित रोग से पीड़ित होते हैं। सूजन की बीमारी होती है। जीवन के आखिरी दिनों में इन्हें जलोदर रोग होने की सम्भावना अधिक रहती है।
(4) जन्म--21 जुलाई से 20 अगस्त तक+7 दिन आगे 27 अगस्त‌ तक।
(सूर्य ग्रह सकारात्मक)
बीमारी-- इन तिथियों में जन्में व्यक्तियों के शरीर में पीड़ा होती रहती है। हृदय का रोग, सिर और कान का रोग तथा गुर्दे का रोग होता है।
(5) जन्म--21अगस्त से 20 सितम्बर‌ तक + 7 दिन आगे 27 सितम्बर‌ तक।
(बुध ग्रह नकारात्मक)
बीमारी-इन तिथियों में जन्मे व्यक्तियों में मानसिक बीमारी होती है। शारीरिक रूप से बीमार न होते हुए भी बीमार दिखाई पड़ते हैं। अपनी बीमारी को लोगों के सामने  बढ़ा-चढ़ा कर प्रस्तुत करने का इनका स्वभाव होता है।
(6) जन्म--21 सितम्बर से 20 अक्टूबर‌ तक +7 दिन आगे 27अक्टूबर तक।
(शुक्र ग्रह नकारात्मक)
बीमारी--इन तिथियों में जन्में व्यक्तियों के शरीर में निर्बलता बनी रहती है।
मानसिक उदासी, एकाकीपन, पीठ दर्द, गुर्दे का ‌रोग और सिर दर्द की बीमारी होती है। इन्हें आपरेशन भी करवाना पड़ सकता है।
(7) जन्म--21अक्टूबर से 20 नवम्बर तक + 7 दिन आगे 27 नवम्बर तक।
(मंगल ग्रह नकारात्मक)
बीमारी--इन तिथियों में जन्में व्यक्ति जीवन के आरम्भ में कमज़ोर होते हैं, मध्यावस्था तक आते-आते शरीर मोटा हो जाता है। जनन इन्द्रियों में विकार, 
पाचन क्रिया में कमज़ोरी, तथा गुर्दे में विकार ‌हो सकता है।
{8) जन्म--21 नवम्बर से 20 दिसम्बर तक+ 7 दिन आगे 27 दिसम्बर तक।
(वृहस्पति ग्रह सकारात्मक)
बीमारी--इन तिथियों में जन्में व्यक्ति
गठिया के रोग और पाचन के विकारों से ग्रस्त रहते हैं।
(9) जन्म--21 दिसम्बर से 20 जनवरी तक +7 दिन आगे 27 जनवरी तक।
( शनि ग्रह सकारात्मक)
बीमारी--इन तिथियों में जन्में व्यक्तियों मैं गठिया रोग, पैरों में दर्द, सूजन, दुर्घटना द्वारा चोट लगना, जिगर, गुर्दा, दाँत और कान का रोग होता है।
(10) जन्म--21 जनवरी से 20 फरवरी
तक + 7 दिन आगे 27 फरवरी तक।
( सूर्य ग्रह नकारात्मक)
बीमारी--
इन तिथियों में जन्में व्यक्ति के जिगर और गुर्दा में खराबी होती है।
(11) जन्म-- 21 फरवरी से 20 मार्च तक +7 दिन आगे 27 मार्च ‌तक।
(वृहस्पति ग्रह नकारात्मक)
बीमारी--इन तिथियों में जन्में व्यक्तियों में नींद न आने की बीमारी होती है। ये गठिया, जिगर के विकार और पीलिया जैसे रोगों से पीड़ित होते हैं।
(12) जन्म--21 मार्च से 20 अप्रैल तक+7 दिन आगे 27 अप्रैल तक।
( मंगल ग्रह सकारात्मक)
बीमारी--इन तिथियों में जन्में व्यक्तियों
को ज्वर और रक्त विकार, जवानी में मिर्गी के दौरे, सिर दर्द, दन्त विकार और मस्तिष्क में जल भर जाने जैसे रोग होते हैं। वृद्धावस्था में मूर्छा रोग, चक्कर आना तथा सिर दर्द जैसी बीमारी होती है।
 

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